यूनिसेफ़ इंडिया ने शुरू किया ‘द चाइल्ड इन मी: माय प्रॉमिस टू चिल्ड्रेन’ डिजिटल अभियान - बच्चों के अधिकारों को बढ़ावा देने के लिए तीन नए यूथ एडवोकेट्स की घोषणा

19 नवंबर 2025
Children's day
UNICEF

नई दिल्ली — यूनिसेफ इंडिया ने 20 नवंबर 2025 को मनाए जाने वाले विश्व बाल दिवस से पहले एक डिजिटल अभियान शुरू किया है। यह अभियान वयस्कों से आग्रह करता है कि वे अपने बचपन की खास यादों को याद करें — वे अवसर और बाधाएं जिन्होंने उनके जीवन को आकार दिया। इसके साथ ही उनसे यह वादा करने को कहा गया है कि वे अपने आसपास के बच्चों को उनके अधिकारों तक पहुंच दिलाने और उनकी आकांक्षाओं को पूरा करने में सहयोग करेंगे।

कई सेलिब्रिटी, प्रभावशाली व्यक्ति और प्रतिष्ठित हस्तियां इस अभियान से जुड़ी हैं। उन्होंने अपने बचपन की प्यारी कहानियां साझा की हैं और बच्चों के लिए वादा किया है। इनमें यूनिसेफ के राष्ट्रीय राजदूत करीना कपूर खान, आयुष्मान खुराना; तीन बार ग्रैमी पुरस्कार विजेता और यूनिसेफ सेलिब्रिटी एडवोकेट रिकी केज तथा हाल ही में नियुक्त की गई सेलिब्रिटी एडवोकेट कीर्ति सुरेश शामिल हैं। ये सभी इस साझा जिम्मेदारी को मजबूत करते हैं — बच्चों की बात सुनना, उनके साथ खड़ा होना और उनके लिए कार्रवाई करना — सिर्फ विश्व बाल दिवस पर नहीं, बल्कि हर दिन।

बाल अधिकारों और कल्याण के समर्थक, बच्चे और युवा, और विभिन्न क्षेत्रों के लोग इस अभियान से जुड़े हैं, विशेष रूप से भारत के सबसे कमजोर और जरूरतमंद बच्चों के समर्थन में। यह अभियान बच्चों के लिए स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, स्वच्छ जल, स्वच्छता और सुरक्षित वातावरण जैसी आवश्यक सेवाओं तक पहुंच को बढ़ावा देता है। साथ ही यह देशभर के बच्चों को समान अवसर देकर उनकी पूरी क्षमता तक पहुंचने को प्रोत्साहित करता है।

वयस्कों द्वारा बच्चों के लिए किए गए वादों को निभाने की जिम्मेदारी को स्वीकार करना — यही समानता का संदेश हाल ही में संपन्न हुए ICC-UNICEF साझेदारी कार्यक्रमों में गूंजा, जिसमें क्रिकेट प्रशंसकों, खिलाड़ियों और टीमों ने अपना समर्थन जताया।

यूनिसेफ सभी से इस अभियान ‘द चाइल्ड इन मी: माय प्रॉमिस टू चिल्ड्रन’ से जुड़ने का आह्वान करता है — अपनी बचपन की परिभाषित कहानियां साझा करें और #MyPromiseToChildren हैशटैग के साथ @UNICEFIndia को टैग करें। प्रभावशाली व्यक्तियों के वीडियो और पोस्ट यूनिसेफ इंडिया के सोशल और डिजिटल चैनलों — फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और वेबसाइट www.unicef.org/india पर देखे जा सकते हैं।

यूनिसेफ इंडिया ने की तीन नए यूथ एडवोकेट्स की घोषणा

बच्चों के साथ मिलकर काम करने के अपने वादे को निभाते हुए — उनकी बात सुनना, उनके विचारों को मंच देना, विशेष रूप से उन मुद्दों पर जो उनके जीवन और कल्याण को प्रभावित करते हैं — यूनिसेफ इंडिया ने आज तीन नए यूथ एडवोकेट्स की नियुक्ति की घोषणा की।

ये नए यूथ एडवोकेट्स हैं:

  • श्याम शुक्ला (15 वर्ष), कर्नाटक — रोड सेफ्टी चैंपियन और हेलमेट एंबेसडर। उन्होंने युवाओं के लिए कार्यशालाएं आयोजित की हैं और वर्ल्ड हेल्थ रीजनल समिट 2024 में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उनका ‘प्रोजेक्ट सेफ ऑन रोड्स’ दुर्घटनाओं को रोकने और सामुदायिक जागरूकता बढ़ाने के लिए युवा-नेतृत्व वाले समाधान को बढ़ावा देता है।
  • प्रसिद्धि सिंह (13 वर्ष), तमिलनाडु — पर्यावरणविद् और प्रसिद्धि फॉरेस्ट फाउंडेशन की संस्थापक। उन्होंने 120 से अधिक स्थानों पर 2 लाख से अधिक पेड़ लगाए हैं और 1 करोड़ पेड़ लगाने के मिशन पर हैं। उन्होंने माइक्रो-फॉरेस्ट मॉडल, जलवायु शिक्षा कार्यक्रम और ग्रीन ब्रिगेड्स की शुरुआत की है। वे COP28, COP29, COP30, G20, Y20 और कई UN मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उन्हें प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार और डायना अवॉर्ड (UK) भी मिला है।
  • उन्नति सुराणा (19 वर्ष), गुजरात — समावेशन और मानसिक स्वास्थ्य की पैरोकार। वे IB MYP इनोवेटर ग्रांट (2022)  जीतने वाली पहली दिव्यांग हैं। डाउन सिंड्रोम फेडरेशन ऑफ इंडिया की ब्रांड एंबेसडर के रूप में उन्होंने यूनिसेफ की राष्ट्रीय परामर्श बैठक में भाषण दिया है, TEDx टॉक दी है और फिल्म “CRAZXY” में अभिनय किया है। वे कुचिपुड़ी नृत्यांगना, खिलाड़ी, यूट्यूब चैनल और पॉडकास्ट के माध्यम से न्यूरोडायवर्सिटी को बढ़ावा देती हैं।

ये युवा एडवोकेट्स 2023 और 2024 में नियुक्त गौरांशी शर्मा (मध्य प्रदेश), कार्तिक वर्मा (उत्तर प्रदेश) और नाहिद आफरीन (असम) के साथ जुड़ते हैं।

यूनिसेफ इंडिया की प्रतिनिधि सिंथिया मैककैफ्री ने कहा, “बच्चे और युवा अपने सपनों को साकार करने के लिए उत्सुक हैं — वे अपने समुदायों और हमारे साझा भविष्य के लिए समाधान तैयार कर रहे हैं। हर बच्चे का दृष्टिकोण मायने रखता है और हमें गुणवत्ता युक्त स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा सुनिश्चित करने की हमारी क्षमता को मजबूत करता है।”

यूनिसेफ इंडिया यूथ एडवोकेट्स अब वैश्विक स्तर पर यूनिसेफ के यूथ एडवोकेट्स के बढ़ते समूह का हिस्सा हैं, जो व्यक्तिगत और सामूहिक रूप से बाल अधिकारों की वकालत करते हैं और स्थानीय, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर संवाद और सहमति निर्माण के लिए स्थान बनाते हैं।

यूनिसेफ की वैश्विक रिपोर्ट द स्टेट ऑफ द वर्ल्ड्स चिल्ड्रन 2025 भी 20 नवंबर को जारी की जाएगी। भारत भर के प्रतिष्ठित स्मारक #GoBlue अभियान के तहत नीले रंग में रोशन होंगे — बाल अधिकारों के समर्थन का प्रतीक।

संपादकों के लिए सूचना: यूनिसेफ इंडिया के नए यूथ एडवोकेट्स के प्रोफाइल

श्याम शुक्ला, 15 वर्ष — एक रोड सेफ्टी चैंपियन और हेलमेट एंबेसडर हैं। उन्होंने युवाओं के लिए कार्यशालाओं का नेतृत्व किया है और 2024 में वर्ल्ड हेल्थ रीजनल समिट में भारत का प्रतिनिधित्व किया। उनका अभियान ‘प्रोजेक्ट सेफ ऑन रोड्स’ युवाओं द्वारा संचालित समाधानों को बढ़ावा देता है, जो दुर्घटनाओं को रोकने और सामुदायिक जागरूकता बढ़ाने पर केंद्रित है। हाल ही में उन्होंने किशोर स्वास्थ्य और कल्याण पर स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की परामर्श बैठक में भाग लिया। 

प्रसिद्धि सिंह, 13 वर्ष — एक पर्यावरणविद् हैं जिन्होंने ‘प्रसिद्धि फॉरेस्ट फाउंडेशन’ की स्थापना की और 120 से अधिक स्थानों पर 2 लाख से अधिक पेड़ लगवाए हैं। वे 1 करोड़ पेड़ लगाने के मिशन पर हैं। उन्होंने माइक्रो-फॉरेस्ट मॉडल, जलवायु शिक्षा कार्यक्रम और 200 से अधिक स्कूलों में ग्रीन ब्रिगेड्स की शुरुआत की है, और 20 देशों में 10 लाख युवाओं को जोड़ा है। वे ग्रीन तमिलनाडु मिशन की चाइल्ड एंबेसडर हैं और COP28, COP29, COP30, G20, Y20 और कई संयुक्त राष्ट्र मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उन्हें प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार और डायना अवॉर्ड (यूके) से सम्मानित किया गया है।

उन्नति सुराणा, 19 वर्ष — समावेशन और मानसिक स्वास्थ्य की पैरोकार हैं। वे समावेशी शिक्षा में अपने कार्य के लिए IB MYP इनोवेटर ग्रांट (2022) जीतने वाली पहली दिव्यांग व्यक्ति हैं। डाउन सिंड्रोम फेडरेशन ऑफ इंडिया की ब्रांड एंबेसडर के रूप में उन्होंने यूनिसेफ की किशोर मानसिक स्वास्थ्य पर राष्ट्रीय परामर्श बैठक में भाषण दिया है, आत्म-विश्वास पर TEDx टॉक दी है, और “CRAZXY” फिल्म में अभिनय किया है, जो यह दर्शाती है कि डाउन सिंड्रोम वाले लोग भी बुद्धिमान हो सकते हैं। वे प्रशिक्षित कुचिपुड़ी नृत्यांगना और खिलाड़ी हैं, और न्यूरोडायवर्सिटी को बढ़ावा देने के लिए यूट्यूब चैनल और पॉडकास्ट भी चलाती हैं।

मीडिया संपर्क

Alka Gupta
Communication Specialist
UNICEF
टेल: +91-730 325 9183
ईमेल: [email protected]
Sonia Sarkar
Communication Officer (Media)
UNICEF
टेल: +91-981 01 70289
ईमेल: [email protected]

यूनिसेफ के बारे में

यूनिसेफ अपने हर काम में प्रत्येक बच्चे के अधिकारों और कल्याण को बढ़ावा देता है। अपने साझेदारों के साथ मिलकर, यूनिसेफ बच्चों के अधिकारों और सुरक्षित बचपन को व्यावहारिकता में बदलने के लिए 190 देशों और क्षेत्रों में काम कर रहा है। यूनिसेफ इंडिया भारत में सभी लड़के-लड़कियों के लिए स्वास्थ्य, पोषण, शुद्ध जल उपलब्धता, स्वच्छता, शिक्षा और बाल संरक्षण कार्यक्रमों को बनाए रखने और विस्तारित करने के लिए लोगों के समर्थन और दान पर निर्भर है। हर बच्चे को जीवित रहने और आगे बढ़ने में मदद करने के लिए हमारा समर्थन करें!

यूनिसेफ इंडिया के और इसके कामों के बारे में अधिक जानकारी के लिए https://www.unicef.org/india/hi पर विजिट करें। आप हमें ट्विटरफेसबुकइंस्टाग्रामलिंक्डइन और गूगल प्लस पर फॉलो कर सकते हैं।