भारत में कोविड - 19 वैक्सीन की शुरुआत
कोविड - 19 से मुकाबले के लिए सबसे बड़े टीकाकरण अभियान के लिए भारत पूरी तरह तैयार है।
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दिल्ली स्थित ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेज (एम्स) के 34 वर्षीय सफाई कर्मी मनीष कुमार भारत में कोविड - 19 की वैक्सीन लेने वाले पहले व्यक्ति बने | भारत में पहला मामला आने के लगभग एक वर्ष बाद, 16 जनवरी को भारत में सबसे बड़े टीकाकरण अभियान की शुरुआत हुई, जिससे जीवन अस्त-व्यस्त करने वाली एवं जानलेवा इस महामारी से उबरने की राह पर चलने की शुरुआत हुई |
इस महामारी के दौरान हमारी ज़िन्दगी बदल गई | लॉकडाउन, क्वारंटाइन, सामाजिक और शारीरिक दूरी जैसे शब्द अब हमारे रोज़मर्रा की बातचीत का हिस्सा हैं | किसी भी वस्तु या सतह को छूते समय एक चिंता रहती है | जब हम किसी को बिना मास्क के या गलत ढंग से मास्क पहने देखते हैं तो हमारे अंदर जिस तरह के भाव पैदा होते हैं - वो बहुत भारी रहे हैं | अब वैक्सीन आने के साथ, इन भावनाओं पर एक उम्मीद भरा नियंत्रण हो रहा है |
भारत की योजना महत्वाकांक्षी है | लेकिन 130 करोड़ की जनसंख्या वाले देश में ऐसा होना भी चाहिए | और इसकी सफलता के लिए बहुत कुछ ऐसा हो रहा है | भारत विश्व में वैक्सीन का सबसे बड़ा उत्पादक है | पोलियो उन्मूलन में इसका महत्वपूर्ण अनुभव है और इसने मीज़ल्स-रूबेला और नियमित टीकाकरण अभियानों पर व्यापक कार्य किया है | भारत के पास अपने ऊँचे लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए अनुभव, क्षमता और साख है | यूनिसेफ भारत के टीकाकरण कार्यक्रमों और स्वास्थ्य देखभाल में 70 वर्षों से अधिक समय से गौरवशाली सहयोगी के रूप में सहयोग करता रहा है |
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय इस टीकाकरण अभियान को तीन चरणों में चलाएगा, जिसमें सबसे पहले स्वास्थ्य कर्मियों का टीकाकरण होगा, उसके बाद फ्रंटलाइन कार्यकर्त्ता तथा आवश्यक सेवाकर्मी और उसके बाद 50 वर्ष से अधिक और अन्य बीमारियों से ग्रस्त लोगों का टीकाकरण होगा | महीनों की योजना, जिसमें किसी भी प्रकार की शंकाओं को दूर करने के लिए पूर्वाभ्यास शामिल है, से पहले कोविड - 19 टीकाकरण के समय एक नई आशा और ऊर्जा देखी गई |
पहले दिन लगभग 200,000 स्वास्थ्यकर्मी टीकाकरण के लिए आगे आए |
"मुझे इस बात का गर्व है कि मुझे वैक्सीन लगाई जा रही है | हम सबको वैक्सीन लेना चाहिए और इस बीमारी को जड़ से मिटाने में मदद करना चाहिए |"
पद्म श्री से सम्मानित डॉ. इलियास अली जैसे कई प्रतिष्ठित स्वास्थ्य देखभाल व्यक्तित्व ने कुछ राज्यों में नेतृत्व किया, जिससे लोग आश्वस्त हो सकें कि वायरस से बचाव के लिए टीकाकरण ही सर्वोत्तम उपाय है |
सदर अस्पताल, रांची, झारखण्ड के मुख्य प्रबंधक, जीरन कलदुलना ने वैक्सीन लगवाई और प्रधानमंत्री द्वारा टीकाकरण अभियान की औपचारिक शुरुआत के बाद एक उदहारण प्रस्तुत किया |
अभी हमें कोविड - 19 महामारी को समाप्त करने के लिए लम्बा रास्ता तय करना है | वैक्सीन की शुरुआत और भारत के दृढ़ संकल्प के साथ वो दिन दूर नहीं जब मास्क के पीछे छिपी हमारी मुस्कान एक बार फिर हमारे चेहरे पर होगी | तब तक आपको मास्क पहन कर, हाथों को स्वच्छ एवं शारीरिक दूरी बना कर रहना है |